हजारीबाग में 'पुस्तक दान अभियान' की शुरुआत, जरूरतमंद विद्यार्थियों के लिए प्रतियोगी परीक्षा की पुस्तकें करें दान

 


हजारीबाग: शिक्षा को बढ़ावा देने और आर्थिक रूप से कमजोर एवं जरूरतमंद विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी के लिए अध्ययन सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिला प्रशासन, हजारीबाग ने "पुस्तक दान अभियान" की शुरुआत की है। इस अभियान के माध्यम से जिलेभर से प्रतियोगी परीक्षाओं से संबंधित उपयोगी पुस्तकों का संग्रह किया जाएगा।

जिला प्रशासन ने सभी नागरिकों, शिक्षण संस्थानों, कोचिंग संस्थानों, सरकारी एवं गैर-सरकारी कार्यालयों, सामाजिक संगठनों तथा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर चुके अभ्यर्थियों से इस अभियान में सहभागी बनने की अपील की है। प्रशासन का कहना है कि घरों में रखी अनुपयोगी, लेकिन अच्छी स्थिति में उपलब्ध पुस्तकें किसी जरूरतमंद विद्यार्थी के लिए सफलता की राह आसान बना सकती हैं।

अभियान के तहत UPSC, JPSC, SSC, रेलवे, बैंकिंग, शिक्षक भर्ती, पुलिस, इंजीनियरिंग, मेडिकल सहित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं से संबंधित पुस्तकें दान की जा सकती हैं। एकत्रित पुस्तकों को हजारीबाग जिले के विभिन्न पुस्तकालयों एवं अध्ययन केंद्रों में उपलब्ध कराया जाएगा, ताकि आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थी इनका निःशुल्क लाभ उठाकर अपनी तैयारी को और अधिक सशक्त बना सकें।

पुस्तकें जिला योजना कार्यालय, कक्ष संख्या A-206, द्वितीय तल, नया समाहरणालय भवन, हजारीबाग में प्रतिदिन प्रातः 10:30 बजे से सायं 5:00 बजे तक जमा की जा सकती हैं।

जिला प्रशासन ने जिलेवासियों से इस जनहितकारी पहल में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील करते हुए कहा है कि "एक पुस्तक किसी विद्यार्थी का भविष्य बदल सकती है। आइए, ज्ञान बांटें और अवसर बढ़ाएं।"