उपायुक्त हेमंत सती की अध्यक्षता में समाहरणालय सभागार में परिवहन विभाग की समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले में वाहन निबंधन, कर वसूली, सड़क सुरक्षा, प्रदूषण नियंत्रण, अवैध परिवहन तथा प्रवर्तन कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने जिले में अवैध कोयला परिवहन एवं ओवरलोड वाहनों के विरुद्ध प्रभावी एवं निरंतर कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी तथा संबंधित अधिकारी नियमित जांच अभियान चलाकर दोषियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करें।
उपायुक्त ने जिले में वाहनों के निबंधन की प्रगति की समीक्षा करते हुए अब तक पंजीकृत वाहनों की अद्यतन जानकारी प्राप्त की। उन्होंने 15 अगस्त तक बिना निबंधन वाले वाहनों के विरुद्ध विशेष जांच अभियान चलाने का निर्देश दिया तथा सभी वाहन स्वामियों से अपने वाहनों का समय पर निबंधन कराने की अपील की।
उन्होंने कहा कि सभी वाहन स्वामी अपने वाहनों की फिटनेस समय पर कराएं तथा उन्हें सुरक्षित एवं नियमों के अनुरूप संचालित करें। सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए फिटनेस संबंधी नियमों का कड़ाई से पालन आवश्यक है।
बैठक में प्रदूषण नियंत्रण व्यवस्था की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने जिले के सभी पेट्रोल पंपों का नियमित निरीक्षण करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि प्रत्येक पेट्रोल पंप पर प्रदूषण जांच (पीयूसी) की सुविधा उपलब्ध होना अनिवार्य है। जिन पेट्रोल पंपों पर यह सुविधा उपलब्ध नहीं है, वे 15 अगस्त से पूर्व आवश्यक प्रदूषण नियंत्रण उपकरण स्थापित करें। साथ ही निर्देश दिया गया कि जिन वाहनों के पास वैध पीयूसी प्रमाण-पत्र नहीं है, उन्हें ईंधन उपलब्ध नहीं कराया जाए।
टैक्स डिफॉल्टर वाहनों की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने सभी बकायेदार वाहन स्वामियों को शीघ्र नोटिस जारी करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि सरकार के राजस्व की क्षति किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है। निर्धारित समय तक कर जमा नहीं करने वाले वाहन स्वामियों के विरुद्ध नीलाम पत्र वाद दायर कर विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।
उपायुक्त ने जिला परिवहन पदाधिकारी एवं एमवीआई को नियमित रूप से जुर्माना वसूली अभियान चलाने तथा बिना फिटनेस एवं नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों पर सख्त कार्रवाई जारी रखने का निर्देश दिया।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने कहा कि विभिन्न माध्यमों से बरही क्षेत्र में एनडीपीएस से जुड़े मामलों एवं अवैध पशु परिवहन की सूचनाएं प्राप्त हो रही हैं। उन्होंने परिवहन विभाग को ऐसे मामलों में अन्य संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर सख्त कार्रवाई करने तथा प्रत्येक कार्रवाई की सूचना जिला प्रशासन को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।
सड़क सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए उपायुक्त ने रोड सेफ्टी टीम को जिले के दुर्घटना संभावित (ब्लैक स्पॉट) क्षेत्रों का नियमित निरीक्षण करने, सुरक्षा उपायों की समीक्षा करने तथा दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए आवश्यक कदम उठाने का निर्देश दिया।
बैठक में संबंधित पदाधिकारियों को परिवहन नियमों का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित करने, राजस्व संग्रह बढ़ाने तथा सड़क सुरक्षा एवं प्रदूषण नियंत्रण से जुड़े सभी निर्देशों का गंभीरता से पालन करने के निर्देश दिए गए। साथ ही आम नागरिकों से भी वाहन निबंधन, फिटनेस, कर भुगतान एवं प्रदूषण नियंत्रण संबंधी सभी नियमों का पालन करने की अपील की गई।
