बिष्णुगढ़ प्रखंड में एक 12 वर्षीय मासूम बच्ची के साथ हुई दरिंदगी और उसकी निर्मम हत्या की हृदयविदारक घटना ने पूरे हजारीबाग सहित झारखंड राज्य को गहरे शोक और आक्रोश में डाल दिया है।
यह अमानवीय कृत्य केवल एक परिवार की पीड़ा नहीं, बल्कि पूरे समाज की संवेदनाओं और मानवता पर गंभीर आघात है। इस घटना ने कानून-व्यवस्था की स्थिति को लेकर गंभीर चिंता उत्पन्न कर दी है।
हजारीबाग विधायक प्रदीप प्रसाद ने भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू के साथ विष्णुगढ़ प्रखंड पहुँचकर शोकसंतप्त परिजनों से मुलाकात की और इस दुःख की घड़ी में उन्हें ढांढस बंधाया। इस दौरान परिजनों की पीड़ा, उनके आंसू और न्याय की पुकार ने सभी को भावुक कर दिया। विधायक ने पीड़ित परिवार को आश्वस्त किया कि वे इस कठिन समय में अकेले नहीं हैं और उन्हें न्याय दिलाने के लिए हर संभव कदम उठाया जाएगा।
विधायक ने प्रशासन को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि 24 घंटे के भीतर दोषियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित नहीं की जाती है, तो सोमवार को हजारीबाग बंद रखा जाएगा और भारतीय जनता पार्टी को व्यापक जन आंदोलन करने के लिए बाध्य होना पड़ेगा। यह आंदोलन केवल राजनीतिक नहीं, बल्कि न्याय और समाज की सुरक्षा के लिए होगा।
विधायक प्रदीप प्रसाद ने स्पष्ट कहा कि इस जघन्य अपराध के दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाना चाहिए। ऐसे दरिंदों के लिए कठोरतम दंड सुनिश्चित किया जाना आवश्यक है, ताकि भविष्य में कोई भी व्यक्ति इस प्रकार का घृणित अपराध करने का साहस न कर सके और समाज में कानून का भय पुनः स्थापित हो।
विधायक प्रदीप प्रसाद ने राज्य सरकार पर गंभीर प्रश्न उठाते हुए कहा कि इतनी बड़ी घटना के बाद भी सरकार की चुप्पी अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और संवेदनहीन है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अपराधियों के मन से कानून का भय समाप्त होता दिखाई दे रहा है, जो राज्य के लिए अत्यंत चिंताजनक स्थिति है। राज्य सरकार को तत्काल प्रभाव से कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने हेतु ठोस और प्रभावी कदम उठाने चाहिए।
इस दुख के बेला मे हजारीबाग सांसद मनीष जयसवाल, पूर्व प्रतिपक्ष नेता अमर बाउरी, बरकठ्ठा विधायक अमित यादव , बगोदर विधायक नागेंन्द्र महतो, बडकागाँव विधायक रौशनलाल चौधरी जिला अध्यक्ष विवेकानंद सिंह, हरिश श्रीवास्तव, भुनेश्वर पटेल, मनोज श्रीवास्तव, बलराम शर्मा सहित कई जनप्रतिनिधिगण, वरिष्ठ नेता एवं अनेक कार्यकर्ता उपस्थित रहे और सभी ने एक स्वर में पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की प्रतिबद्धता दोहराई।
हजारीबाग विधायक प्रदीप प्रसाद ने स्पष्ट कहां कि पीड़ित परिवार को न्याय दिलाना सर्वोच्च प्राथमिकता है। दोषियों की गिरफ्तारी, निष्पक्ष जांच और कठोरतम सजा सुनिश्चित होने तक संघर्ष निरंतर जारी रहेगा।
