हजारीबाग बार एसोसिएशन की सख्ती — दलालों से सावधान रहें, नहीं तो शपथ पत्र हो सकता है अवैध


हजारीबाग जिला बार एसोसिएशन परिसर में इन दिनों जाली शपथ पत्र बनाने का मामला गंभीर रूप लेता जा रहा है।

दलालों और कुछ दुकानदारों के गठजोड़ से आम लोगों को ठगी का शिकार बनाया जा रहा है।

इस पूरे मामले पर कड़ा रुख अपनाते हुए बार एसोसिएशन के महासचिव सुमन कुमार सिंह ने स्पष्ट चेतावनी जारी की है।

बार एसोसिएशन कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में उन्होंने कहा कि आम लोग दलालों के झांसे में न आएं, अन्यथा उनका शपथ पत्र अवैध घोषित किया जा सकता है।

उन्होंने जानकारी दी कि वर्ष 2024 में झारखंड सरकार द्वारा अधिवक्ता कल्याण निधि एक्ट में संशोधन किया गया है।

संशोधित प्रावधान के अनुसार अब किसी भी शपथ पत्र पर 30 रुपये का वेलफेयर स्टाम्प लगाना अनिवार्य है।

इसके साथ ही बार एसोसिएशन की ओर से 220 रुपये में वेलफेयर स्टाम्प सहित अधिकृत टोकन जारी किया जा रहा है।

बिना बार द्वारा जारी टोकन के कोई भी शपथ पत्र विधि-संगत नहीं माना जाएगा।

महासचिव ने खुलासा किया कि कुछ असामाजिक तत्व जाली स्टाम्प लगाकर और बिना टोकन के शपथ पत्र तैयार कर रहे हैं।

कम पैसे के लालच में भोले-भाले लोग इनके चक्कर में फंस जाते हैं और बाद में परेशानी झेलते हैं। उन्होंने कहा कि संघ को इस तरह की लगातार शिकायतें मिल रही हैं, जिसे गंभीरता से लिया गया है।

सुमन कुमार सिंह ने आम जनता से अपील की कि मात्र 220 रुपये में वैध प्रक्रिया के तहत शपथ पत्र बनवाएं और किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या दुकान से दूरी बनाए रखें।

उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जाली शपथ पत्र बनाने का धंधा बंद नहीं हुआ तो दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

इस अवसर पर बार एसोसिएशन के उपाध्यक्ष विजय कुमार सिंह, कोषाध्यक्ष भरत कुमार, सहसचिव दीपक कुमार, कुणाल कुमार एवं कार्यकारिणी सदस्य भैया सुमित कुमार उपस्थित थे