हजारीबाग के उपायुक्त श्री हेमन्त सती ने शनिवार को इचाक और पदमा प्रखंड का औचक निरीक्षण कर शिक्षा, स्वास्थ्य, प्रशासनिक व्यवस्था और विकास योजनाओं की जमीनी हकीकत का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को गुणवत्ता के साथ कार्य करने और नियमित निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
सबसे पहले उपायुक्त ने इचाक के राजकीयकृत मध्य विद्यालय हदारी का निरीक्षण किया। यहां बच्चों और शिक्षकों की उपस्थिति, आईसीटी लैब, मिड-डे मील, स्कूली ड्रेस सहित अन्य व्यवस्थाओं का अवलोकन किया। बच्चों से संवाद कर उनकी पढ़ाई का आकलन किया और विद्यालय में पेयजल की बेहतर व्यवस्था तथा शैक्षणिक गुणवत्ता बढ़ाने के निर्देश दिए।
इसके बाद इचाक प्रखंड एवं अंचल कार्यालय का निरीक्षण करते हुए परिसर के जर्जर भवन को ध्वस्त कराने तथा मनरेगा के तहत बिरसा आम बागवानी योजना के अंतर्गत पौधारोपण कराने का निर्देश दिया।
पदमा प्रखंड के सरैया स्थित मुख्यमंत्री लघु एवं कुटीर उद्यम विकास बोर्ड पहुंचकर उपायुक्त ने स्वयं सहायता समूह की महिलाओं से संवाद किया। हस्तशिल्प उत्पादों की जानकारी लेने के साथ उनकी आवश्यकताओं को प्राथमिकता के आधार पर पूरा कराने का आश्वासन दिया।
पदमा प्रखंड एवं अंचल कार्यालय, प्रज्ञा केंद्र, प्रखंड संसाधन केंद्र और जेएफएफसी गोदाम का निरीक्षण करते हुए उन्होंने मनरेगा योजनाओं की समीक्षा की तथा आम नागरिकों की समस्याएं सुनकर त्वरित समाधान के निर्देश दिए। प्रज्ञा केंद्र में जाति, आय और आवासीय प्रमाण पत्र निर्गत करने की व्यवस्था को और बेहतर बनाने पर भी जोर दिया।
रामनारायण +2 उच्च विद्यालय, पदमा में पुस्तकालय की व्यवस्था की सराहना करते हुए उन्होंने कक्षा 10वीं और 12वीं के विद्यार्थियों को पिछले वर्षों के प्रश्नपत्रों का नियमित अभ्यास कराने के निर्देश दिए।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, पदमा के निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने ओपीडी, प्रसव कक्ष, ऑपरेशन थिएटर, स्टरलाइजेशन कक्ष, डॉक्टर चैंबर और दवा वितरण केंद्र का जायजा लिया। उन्होंने एक्स-रे मशीन और एक्स-रे तकनीशियन उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन भी दिया।
निरीक्षण के अंत में उपायुक्त ने पदमा किला एवं ऐतिहासिक हवा महल का भ्रमण किया। यहां की प्राचीन नक्काशी की सराहना करते हुए उन्होंने इसे हजारीबाग की महत्वपूर्ण ऐतिहासिक धरोहर बताया।
