राष्ट्रीय महिला आयोग, नई दिल्ली की माननीय अध्यक्ष श्रीमती विजया रहाटकर एवं आयोग की माननीय सदस्यगण सुश्री डेलिना खोंगडुप, डॉ. अर्चना मजूमदार एवं श्रीमती ममता कुमारी मंगलवार को हजारीबाग जिले के दौरे पर रहीं। इस अवसर पर आयोग की अध्यक्ष एवं सदस्यों ने सर्वप्रथम संत कोलंबस कॉलेज, हजारीबाग में आयोजित “कैंपस कॉलिंग प्रोग्राम” में भाग लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष श्रीमती विजया रहाटकर, आयोग की माननीय सदस्यगण, उप विकास आयुक्त श्री इस्तियाक अहमद तथा कॉलेज के प्राचार्य द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलन कर किया गया।
कैंपस कॉलिंग कार्यक्रम में उपस्थित छात्र–छात्राओं को संबोधित करते हुए आयोग की अध्यक्ष श्रीमती विजया रहाटकर ने कहा कि हजारीबाग शिक्षा के क्षेत्र में बेहतरीन कार्य कर रहा है, जो गर्व की बात है। उन्होंने कहा कि कैंपस कॉलिंग कार्यक्रम विशेष रूप से युवाओं के लिए है और वर्ष 2047 में आज़ादी के सौ वर्ष पूर्ण होने पर देश के आर्थिक, सामाजिक एवं शैक्षणिक विकास में युवाओं का अतुलनीय योगदान होगा। उन्होंने युवाओं को देश का नीति निर्माता बताते हुए सामाजिक, नैतिक एवं डिजिटल चुनौतियों को समझकर राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि युवाओं को महिलाओं के सम्मान एवं सशक्तिकरण के लिए आगे आना चाहिए और समाज में यह संदेश देना चाहिए कि लिंग भेदभाव जैसी कुरीतियों को समाप्त करते हुए बेटों के समान बेटियों को भी अपनाया जाए।
साइबर अपराध एवं कानूनी जागरूकता पर जोर - आयोग की अध्यक्ष ने कहा कि वर्तमान डिजिटल युग में साइबर अपराधों में वृद्धि हो रही है, जिससे बचाव के लिए इंटरनेट का उपयोग अत्यंत सावधानीपूर्वक किया जाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि साइबर अपराध या पोक्सो एक्ट से संबंधित मामलों में कानून का सहारा लेना चाहिए। स्कूलों एवं कॉलेजों में छात्र–छात्राओं को साइबर क्राइम एवं पोक्सो अधिनियम के संबंध में जागरूक करना अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि बदलाव की शुरुआत शैक्षणिक संस्थानों से होती है।
उन्होंने यह भी कहा कि सोशल मीडिया के माध्यम से महिलाओं के साथ किसी भी प्रकार की धोखाधड़ी या उत्पीड़न की स्थिति में नजदीकी थाना, संबंधित सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एवं राष्ट्रीय महिला आयोग में शिकायत दर्ज करानी चाहिए। आयोग महिलाओं को मार्गदर्शन, जागरूकता एवं सहायता प्रदान करने के लिए सदैव तत्पर है।
सम्मान एवं शपथ ग्रहण - कार्यक्रम के अंत में राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष एवं माननीय सदस्यों को मोमेंटो भेंट कर सम्मानित किया गया। साथ ही लैंगिक समानता के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य हेतु पांच छात्राओं रीता कुमारी, अर्चता रानी, वैष्णवी सिंहा, जोया अख्तर एवं कोमल कुमारी का चयन कर उन्हें प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।
अंत में आयोग की अध्यक्ष द्वारा उपस्थित सभी अधिकारियों एवं छात्र–छात्राओं को लैंगिक समानता संकल्प की शपथ दिलाई गई।
