नए साल से पहले शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल की व्यवस्थाओं में सुधार की कवायद, सांसद प्रतिनिधि ने उठाए अहम मुद्दे


 हजारीबाग। नए साल 2027 की शुरुआत हजारीबाग के स्वास्थ्य क्षेत्र में बेहतर चिकित्सा सुविधाओं की उम्मीद लेकर आ सकती है। शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल की व्यवस्थाओं में सुधार और मरीजों को बेहतर इलाज उपलब्ध कराने को लेकर गुरुवार को हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल के निर्देश पर उनके लोकसभा क्षेत्र के सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य प्रो. (डॉ.) सुनील कुमार वर्मा से मुलाकात की।

मुलाकात के दौरान अस्पताल से जुड़ी कई महत्वपूर्ण समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया और उनके जल्द समाधान की मांग की गई। इनमें ट्रॉमा सेंटर में वरिष्ठ चिकित्सकों की 24×7 उपलब्धता, सी-आर्म मशीन, लिफ्ट और नए भवन में ओपीडी शिफ्ट करने जैसे मुद्दे शामिल रहे।

रंजन चौधरी ने ट्रॉमा सेंटर में जूनियर रेजिडेंट चिकित्सकों के साथ 24 घंटे सीनियर फिजिशियन और सीनियर सर्जन की ड्यूटी सुनिश्चित करने की मांग की। उनका कहना था कि इससे गंभीर मरीजों को बेहतर इलाज मिल सकेगा और जरूरत पड़ने पर ही उन्हें रिम्स रेफर करना पड़ेगा।

आर्थोपेडिक विभाग में एक महीने से अधिक समय से खराब सी-आर्म मशीन का मुद्दा भी उठाया गया। खराब मशीन को तत्काल दुरुस्त कराने के साथ एक अतिरिक्त नई सी-आर्म मशीन उपलब्ध कराने की मांग की गई, ताकि भविष्य में मशीन खराब होने की स्थिति में ऑपरेशन प्रभावित न हो।

इसके अलावा मेडिकल कॉलेज अस्पताल के नए भवन में खराब दोनों लिफ्ट और पुराने बहुमंजिला भवन में खराब एक लिफ्ट को जल्द ठीक कराने का आग्रह किया गया। इससे मरीजों, बुजुर्गों और गंभीर रूप से बीमार लोगों को वार्ड तक पहुंचने में सुविधा मिल सकेगी।

अस्पताल में बढ़ते मरीजों के दबाव को देखते हुए मेडिकल कॉलेज परिसर में नवनिर्मित भवन में विभिन्न विभागों की ओपीडी जल्द शिफ्ट करने का भी आग्रह किया गया। इस पर प्राचार्य प्रो. (डॉ.) सुनील कुमार वर्मा ने सकारात्मक पहल का भरोसा दिया।

प्राचार्य के अनुसार मेडिकल कॉलेज परिसर में निर्माण कार्य कर रही शापूरजी पालोनजी कंपनी ने दिसंबर 2026 के अंत तक ओपीडी भवन को हैंडओवर करने का भरोसा दिया है। भवन समय पर हैंडओवर होने पर जनवरी 2027 में सदर अस्पताल परिसर स्थित अपग्रेडेड शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल से विभिन्न ओपीडी को मेडिकल कॉलेज परिसर में शिफ्ट करने की दिशा में पहल की जाएगी।

सी-आर्म मशीन को लेकर प्राचार्य ने आर्थोपेडिक विभाग के एचओडी डॉ. शंकर निवास से बात कर मशीन को जल्द दुरुस्त कराने और जरूरतमंद मरीजों के ऑपरेशन शुरू कराने का निर्देश दिया। साथ ही उन्होंने बताया कि नई सी-आर्म मशीन खरीदने की प्रक्रिया भी चल रही है। प्राचार्य ने उम्मीद जताई कि एक-दो दिन में सी-आर्म मशीन की समस्या का समाधान हो सकता है।

ट्रॉमा सेंटर में 24 घंटे सीनियर फिजिशियन और सीनियर सर्जन की ड्यूटी सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी करने का भी प्राचार्य ने आश्वासन दिया।

रंजन चौधरी ने कहा कि सांसद मनीष जायसवाल का स्पष्ट निर्देश है कि हजारीबाग के सबसे बड़े सरकारी चिकित्सा संस्थान में आने वाले मरीजों को बेहतर और समय पर इलाज मिले। अस्पताल की व्यवस्थाओं में कोई कमी मरीजों के इलाज में बाधा न बने, इसके लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रबंधन को शिकायतों से अवगत कराने के बावजूद समाधान नहीं होने की स्थिति में मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य और उपायुक्त से मिलकर समस्याओं को उठाया जा रहा है।

मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य प्रो. (डॉ.) सुनील कुमार वर्मा ने उठाए गए सभी मुद्दों को गंभीरता से सुना और संबंधित स्तर पर तत्काल सकारात्मक पहल का आश्वासन दिया।

इस दौरान भाजयुमो हजारीबाग जिला अध्यक्ष राजकरण पांडेय, पत्रकार दीपक सिंह, अनुज सिन्हा, रूपेश दास, उमंग सोनी सहित कई लोग मौजूद रहे।